खुद को आईने में जब मुस्कुराता हुआ देखा हमने !!
तो चेहरा कुछ जाना पहचाना सा लगा!!
शायद एक मुद्दत हो गयी थी खुद को इतना करीब से देखे हुए !!
खुद से कुछ इतनी दूरियां हो गयी यहाँ इस ज़िन्दगी की दौड़ में !!
के अक्सर अपने साये तक को खुद से दूर जाते देखा हमने !!
तो चेहरा कुछ जाना पहचाना सा लगा!!
शायद एक मुद्दत हो गयी थी खुद को इतना करीब से देखे हुए !!
खुद से कुछ इतनी दूरियां हो गयी यहाँ इस ज़िन्दगी की दौड़ में !!
के अक्सर अपने साये तक को खुद से दूर जाते देखा हमने !!
Comments
Post a Comment